Saturday, 10 October 2026

★ *अपना मंच — (Gen-A = जागरूक जनता)* ★ ( सरपंच की पाठशाला — 4 ) 🟩 *ग्राम सभा को संविधान ने क्या अधिकार दिए हैं?* 🟩 📜 *संवैधानिक प्रावधान :* ◆ अनुच्छेद 243(b): ग्राम सभा की परिभाषा देता है। इसमें संबंधित गाँव के पंचायत क्षेत्र की मतदाता सूची में पंजीकृत व्यक्ति शामिल होते हैं। ◆ अनुच्छेद 243A: राज्य विधानमंडल कानून द्वारा ग्राम सभा को शक्तियाँ एवं कार्य प्रदान कर सकता है। ⚖️ *ग्राम सभा की भूमिका :* राज्य के कानूनों के अनुसार ग्राम सभा— 1️⃣ गाँव के विकास की आवश्यकताओं पर चर्चा कर सकती है। 2️⃣ विकास योजनाओं एवं प्राथमिकताओं में भाग ले सकती है। 3️⃣ सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की निगरानी कर सकती है। 4️⃣ सार्वजनिक कार्यों एवं खर्च के संबंध में सवाल उठा सकती है। 5️⃣ निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सामाजिक अंकेक्षण में भाग ले सकती है। 6️⃣ ग्राम पंचायत से जवाबदेही माँग सकती है। 📌 *महत्त्वपूर्ण बात :* ग्राम सभा की वास्तविक शक्तियाँ *संबंधित राज्य के कानूनों एवं योजनाओं के प्रावधानों* पर निर्भर करती हैं। *संविधान के अनुच्छेद 243A* में ये सभी अधिकार स्वतः और समान रूप से प्रदान नहीं किए गए हैं। ❓ जब गाँव के नागरिकों को सामूहिक भागीदारी के लिए *ग्राम सभा की संवैधानिक व्यवस्था* मिली है, तो शहर के नागरिकों के लिए भी व्यापक एवं प्रभावी ‘शहर सभा’ की व्यवस्था क्यों नहीं होनी चाहिए? *हमारी माँग — नागरिक भागीदारी को मजबूत करने के लिए स्पष्ट कानूनी अधिकार।* *सीए दिनेश चन्द्र सनाढ्य* Chartered Accountant • Social Activist • Political Analyst • Spiritual Thinker • Founder of Life Management (316) #एक_हिन्दुस्तानी #10/10/2026 #dineshapna


 

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