Sunday, 21 July 2019

मध्यप्रदेश / 6 रु. में तैयार सिंथेटिक दूध 40 रु. लीटर बेचते थे, हर माह 1.8 करोड़ का कारोबार भिंड-मुरैना के तीन लोगों के खिलाफ भोपाल में केस दर्ज, विधानसभा में गूंज मुख्यमंत्रीबोले- ऐसे लोग मानवता के दुश्मन, कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी Dainik Bhaskar Jul 21, 2019, 10:52 AM IST भोपाल/ग्वालियर.एसटीएफ ने भिंड-मुरैना में सिंथेटिक दूध का काराेबार करने वाले तीन लोगों के खिलाफ धाेखाधड़ी (420) एवं अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। इनमें मुरैना का एक डेयरी संचालक, भिंड के लहार का एक चिलिंग सेंटर का संचालक और एक आइस फैक्टरी का मालिक शामिल है। भिंड-मुरैना से राेजाना प्रदेश के अलग-अलग शहरों में 15 हजार लीटर सिंथेटिक दूध सप्लाई किया जाता था। एसटीएफ और खाद्य एवं औषधि प्रशासन के अफसराें ने बताया कि 40 रु. लीटर की दर से सिंथेटिक दूध की सप्लाई की जाती थी, जबकि इसकी एक लीटर बनाने की लागत 6 से 8 रुपए के बीच हाेती थी। सिंथेटिक दूध बेचने से डेयरी काराेबारी को एक लीटर दूध पर 32 से 34 रुपए और राेजाना करीब 5 लाख रुपए का अतिरिक्त मुनाफा हाेता था। अनुमान के मुताबिक सिंथेटिक दूध काराेबारी हर महीने राज्य के विभिन्न शहराें में जहरीला दूध बेचकर 1 कराेड़ 80 लाख रुपए का काराेबार करते थे। पकड़ में न आए इसलिए असली दूध में की जाती थी मिलावट फूड लेबाेरेटरी टेस्ट अाैर दूसरी जांचाें में सीधे ताैर पर सिंथेटिक दूध पकड़ में न अाए, इसके लिए सिंथेटिक दूध की सप्लाई असली दूध के साथ मिलाकर की जाती थी। यह खुलासा एसटीएफ अाैर फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन के अफसराें ने शुरूआती जांच में किया है। एसटीएफ एसपी (ग्वालियर) अमित सिंह ने बताया कि मुरैना के अंबाह में वनखंडेश्वर डेयरी के संचालक देवेंद्र गुर्जर, भिंड जिले के लहार में संचालित गिर्राज चिलिंग सेंटर के डायरेक्टर संताेष सिंह अाैर गाेपाल अाईस फेक्टरी के सचंालक राजीव गुप्ता के खिलाफ धाेखाधड़ी, फूड सेफ्टी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। जल्द ही आराेपियाें की गिरफ्तारी कर, सिंथेटिक दूध के खरीदाराें के बारे में जानकारी जुटाकर कार्रवाई की जाएगी। उल्लेखनीय है कि अंबाह की वनखंडेश्वर डेयरी से टीम ने आठ सैंपल लिए थे। जबकि लहार की दोनों फर्माें से सात सैंपल लिए थे। इनमें अंबाह की डेयरी से 14500 लीटर सिंथेटिक दूध अाैर लहार की दाेनाें डेयरी-चिलिंग सेंटर से 4100 लीटर सिंथेटिक दूध और 1500 किलाे पनीर जब्त किया था। एसटीएफ ने अभी केमिकल और शैंपू बेचने वाली फर्माें पर कोई कार्रवाई नहीं की है। ऐसे जांचें नकली दूध दूध काे बर्तन में तेजी से चम्मच से हिलाएं। सिंथेटिक दूध हाेगा ताे बर्तन में झाग बनेगा, जाे थाेड़ी देर बाद खत्म हाेगा। तत्काल नहीं। सिंथेटिक दूध काे छूकर भी पहचाना जा सकता है। इस दूध में अंगुली चलाकर निकालें। अंगुली पर साबुन के पानी की जैसी चिकनाहट मिलेगी। एेसा केवल सिंथेटिक दूध में हाेता है। सिंथेटिक दूध, असली दूध की अपेक्षा कड़वा हाेता है। इसे चखने पर शुद्ध दूध के जैसी मिठास का स्वाद नहीं मिलेगा। सीएम बोले- ऐसे लोग मानवता के दुश्मन, कड़ी कार्रवाई होगी सिंथेटिक दूध का मामला शनिवार को विधानसभा में भी गूंजा। सदस्यों ने केमिकल युक्त दूध को बच्चों और लोगों के लिए खतरा बताया और कड़ी कार्रवाई की मांग की। कांग्रेस विधायक विनय सक्सेना ने कहा कि कैमिकल युक्त दूध लोगों के लिए बड़ा खतरा है। बाद में मुख्यमंत्री कमलनाथ ने ट्वीट कर कहा कि इस काले कारोबार से जुड़े लोगों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जनता के स्वास्थ्य के साथ धोखा व खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं होगा। कोई नहीं बचेगा। ऐसे लोग समाज व मानवता के दुश्मन हैं


Saturday, 13 July 2019

★इण्डस्ट्रीज के साथ पर्यावरण हो !★ ●आज श्रीनाथ स्टोन सप्लायर्स के स्टोन इण्डस्ट्रीज के नये फैक्ट्री परिसर के उद्घाटन पर जाने का अवसर मिला तो देखा कि फैक्ट्री के साथ नो (9) पेड़ बचाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया ! यह 9 पेड़ बचाना 90 पेड़ लगाने के बराबर काम है ! ●इसके अलावा फैक्ट्री मालिक ने बताया कि 25% जमीन पेड़ लगाने के लिए सुरक्षित रखी है ! ●क्या माबँल इण्डस्ट्रीज वाले लोग इससें कुछ सीखेंगे ! ●अपना ट्रस्ट की ओ़र से 50 पेड़ वृक्षारोपण के लिए दिये जायेंगे ! CA.Dinesh Sanadhya www.dineshapna.blogspot.com





राजसमन्द जिला कलेक्टर को व मुख्यमंत्री को आदर्श क्रेडिट कोआँपरेटीव के विरुद्ध ज्ञापन राजसमन्द संघर्ष समिति के दिनेश चंद्र सनाढ्य, अमित वर्मा, पप्पूलाल कीर,सूर्य प्रकाश सनाढ्य,मांगीलाल सेठी भी मौजूद थे व उदयपुर संघर्ष समिति के भरत कुमावत ! ●●●●●●●●●●●●●●●●●●●●●●●●●● आदर्श क्रेडिट कोऑपरेटिव निवेशक हितार्थ संघर्ष समिति की संभागीय जनजागरण यात्रा के क्रम में आज समिति के हीरालाल सोनी, मनोरमा कोठारी, भरत कुमावत, विष्णुदत्त भट्ट,सुरेश सेन,तँवर आदि सदस्य प्रातः राजसमन्द प्रवास पर निकले जहां सर्वप्रथम समिति ने नाथूवास, आदर्श पीड़ित नाथद्वारा निवासी दिवंगत कालू लाल मीणा के घर पहुंचे और उनके परिवारजन से मिलकर उन्हें सांत्वना दी व दिवंगत को श्रद्धांजलि अर्पित कीजिसमे नाथद्वारा संघर्ष समिति के सूर्यप्रकाश सनाढ्य, मांगीलाल सेठी,जसवंत मीणा, लीलाधर मीणा व दिवंगत की पत्नी केशी बाई, पुत्र निर्मल,कमल व पुत्री रेणु भी थी। उल्लेखनीय है कि दिवंगत कालूलाल ने भी 45 लाख रुपये आदर्श में जमा करवाये थे और 6 7 माह से पैसे प्राप्त करने के प्रयास कर रहा था 25 जनवरी को भी वह आदर्श की नाथद्वारा ब्रान्च पर जाकर पैसे मांगे पर उसे पैसे नहीं मिले जिससे क्षुब्ध होकर तड़के 26 जनवरी 2019 को अपने पुश्तेनी घर पर फाँसी लगा ली।। जिसपर कार्यवाही करते हुए संघर्ष समिति ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन देकर दिवंगत के परिवार को तुरंत आर्थिक सहायता प्रदान कर राहत देने की बात कही जिसपर कलक्टर महोदय नई सकारत्मक कार्यवाही करने का विश्वास दिलवाया। संघर्ष समिति ने राजसमन्द में भी पोस्ट कार्ड लिखवाकर प्रधानमंत्री को भेजे। साथ ही समिति ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन प्रेषित कर आदर्श पीड़ितों की व्यथा पर संवेदनशील होने के आग्रह के साथ इस प्रकार के हज़ारों पीड़ितों की राहतार्थ आपात जनहित कोष बनाने और इस सम्पूर्ण प्रकरण को शीग्रह सहजता से निपटाने हेतु उच्चाधिकार प्राप्त समिति एवम प्रत्येक जिले पर नोडल अधिकारी नियुक्त कर समाधान करने की मांग की।। राजसमन्द जिला कलेक्टर से भेंट करने में राजसमन्द संघर्ष समिति के दिनेश चंद्र सनाढ्य, अमित वर्मा, पप्पूलाल कीर,सूर्य प्रकाश सनाढ्य,मांगीलाल सेठी भी मौजूद थे। उदयपुर में संघर्ष समिति 13 जुलाई,शनिवार शाम 6 बजे फतहसागर पाल पर मौन कैंडल मार्च निकालकर दिवंगत को श्रद्धांजलि दी जाएगी।