Wednesday, 10 June 2026

★ *12 वर्षों का विश्वास और विकास* ★ बारह वर्षों की यह गाथा, जन-जन का अभिमान बनी, सेवा, समर्पण और संकल्प की, भारत की पहचान बनी। गरीब के घर उजियारा पहुँचा, जीवन में विश्वास जगा, अन्न, आवास और सुविधाओं से, हर आँगन में विकास जगा। युवा शक्ति को नए अवसर मिले, सपनों को नई उड़ान मिली, कौशल, शिक्षा और नवाचार से, मंज़िल की नई पहचान मिली। किसान के श्रम का मान बढ़ा, खेतों में हरियाली छाई, मेहनत की हर बूँद का मूल्य मिला, खुशियों की फसल लहराई। स्वास्थ्य सेवाएँ गाँव-गाँव पहुँचीं, जनजीवन को संबल मिला, संकट की घड़ियों में भारत को, आत्मबल का सम्बल मिला। डिजिटल युग की नई क्रांति ने, दूरी की दीवारें तोड़ीं, तकनीक और नव-विचारों ने, प्रगति की राहें जोड़ीं। राष्ट्र प्रथम का मंत्र लेकर, भारत आगे बढ़ता जाए, विश्व मंच पर गौरव पाकर, नई सफलता गढ़ता जाए। विश्वास, विकास और जनकल्याण का यह अनुपम अभियान रहे, सशक्त, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत का स्वर्णिम सम्मान रहे। *सीए दिनेश चन्द्र सनाढ्य* *#एक हिन्दुस्तानी* (126) #10/06/2026 #dineshapna




 

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