Wednesday, 23 September 2026

★ *अपना मंच — (Gen-A = जागरूक जनता)* ★ (विकास की पाठशाला – 3) 🟥 *“वार्ड का विकास” किसकी जिम्मेदारी है?* 🟥 वार्ड का विकास केवल पार्षद की जिम्मेदारी नहीं — यह नगर निकाय की संस्थागत जिम्मेदारी है । पार्षद जनता का प्रतिनिधि है, प्रशासन उसका क्रियान्वयन तंत्र है । और *जनता उसकी निगरानी करने वाली हितधारक है ।* *(1) नगरपालिका/नगर परिषद की जिम्मेदारी* ● सार्वजनिक स्वास्थ्य ● स्वच्छता ● ठोस कचरा प्रबंधन ● जल-निकास एवं सीवरेज ● सड़कें, फुटपाथ, सार्वजनिक प्रकाश ● पार्क व उद्यान ● नियोजित शहरी विकास ● परिवहन, आर्थिक विकास ● सामाजिक न्याय आदि (ये सभी कार्य नगरपालिका/नगर परिषद के वैधानिक कर्तव्य एवं जिम्मेदारी हैं।) *(2) पार्षद की जिम्मेदारी* ● जनता की समस्याएँ व आवश्यकताएँ नगर निकाय के सामने रखना ● बैठकों में भाग लेना ● वार्ड के हितों का प्रतिनिधित्व करना ● विकास कार्यों पर प्रश्न उठाना ● योजनाओं में वार्ड के हितों की जरूरतें शामिल करवाना (पार्षद वार्ड का अकेला कार्यकारी अधिकारी नहीं है।) *(3) अध्यक्ष/सभापति और प्रशासन की जिम्मेदारी* अध्यक्ष/सभापति एवं Chief Municipal Officer (प्रशासनिक तंत्र) ● वित्तीय व कार्यपालक प्रशासन पर निगरानी ● योजनाओं की स्वीकृति व क्रियान्वयन ● विभागीय समन्वय व निगरानी ● अभिलेखों का संरक्षण व रख-रखाव *(4) जनता की जिम्मेदारी* ● जानकारी लेना ● सवाल पूछना ● प्रमाण के आधार पर जाँच करना ● कार्यों की गुणवत्ता पर निगरानी रखना ● समय पर जवाबदेही तय करना *(जनता केवल वोटर नहीं, विकास की भागीदार और प्रहरी है।)* 🟥 *जिम्मेदारी की पूरी कड़ी* 🟥 1. जनता की आवश्यकता 2. पार्षद द्वारा प्रतिनिधित्व 3. नगरपालिका/नगर परिषद द्वारा निर्णय एवं योजना 4. बजट एवं प्रशासनिक/तकनीकी प्रक्रिया 5. कार्य का क्रियान्वयन 6. गुणवत्ता एवं निरीक्षण 7. जनता को परिणाम 8. जनता की निगरानी एवं जवाबदेही 🟥 *जनता के 7 जरूरी प्रश्न* 🟥 ① पार्षद की आपकी भूमिका क्या थी? ② नगर निकाय की भूमिका क्या थी? ③ किस कार्य के लिए कितना बजट लगा? ④ किसने स्वीकृत किया? ⑤ किसने काम कराया? ⑥ किसने गुणवत्ता जाँची? ⑦ जनता को वास्तविक परिणाम क्या मिला? 🟥 *जब कोई पार्षद कहे—* 🟥 “मैंने अपने वार्ड में बहुत विकास कराया है!” *तो जनता को पूछना चाहिए—* ● आपकी भूमिका क्या थी? ● नगर निकाय की भूमिका क्या थी? ● कितना बजट लगा? ● किसने स्वीकृत किया? ● किसने काम कराया? ● किसने गुणवत्ता जाँची? ● और जनता को वास्तविक परिणाम क्या मिला? 🟥 *याद रखें* 🟥 > “पार्षद ने काम कराया” और “नगर निकाय ने काम किया”— दोनों को अलग-अलग समझना जरूरी है। 🟦 *नगर निकाय + पार्षद + प्रशासन + जनता* 🟦 = समन्वित प्रयास = वास्तविक विकास *विकास का मतलब —* *सिर्फ निर्माण नहीं, बल्कि जनता के जीवन में स्थायी सुधार है!* 🟩 *आइए !* हम सब अपनी भूमिका निभाएँ और अपने वार्ड को वास्तव में विकसित बनाएँ! *(राजस्थान नगरपालिका अधिनियम, 2009 की धारा 45 में नगरपालिकाओं के Core Municipal Functions तथा धारा 60 में Ward Committee के कार्यों का प्रावधान है।)* *CA Dinesh Chandra Sanadhya* Chartered Accountant • Social Activist • Political Analyst • Spiritual Thinker (293) #एक_हिन्दुस्तानी #24/09/2026 #dineshapna





 

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